लाल किला पहला निशाना नहीं था? ट्रैफिक के चलते बदला प्लान, NIA चार्जशीट में लाल मंदिर का जिक्र लाल किले के पास कार ब्लास्ट मामले में बड़ा खुलासा; NIA का दावा- आरोपी ने पहले जैन मंदिर के पास कार खड़ी करने की कोशिश की, ट्रैफिक और पुलिस की मौजूदगी के बाद पहुंचा लाल किला नई दिल्ली: दिल्ली के लाल किले के पास हुए कार ब्लास्ट मामले की जांच में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की चार्जशीट में कई अहम दावे सामने आए हैं। NIA के मुताबिक, आत्मघाती हमलावर उमर उन नबी ने कथित तौर पर लाल किले से पहले लाल मंदिर, जो एक जैन मंदिर है, के पास अपनी विस्फोटक से लदी कार खड़ी करने की कोशिश की थी। हालांकि, इलाके में भारी ट्रैफिक और पुलिस की मौजूदगी के चलते उसने कथित तौर पर अपना रास्ता बदल लिया और लाल किले की ओर चला गया। NIA की चार्जशीट के अनुसार, उमर उन नबी ने शाम करीब 6:37 बजे सुनहरी मस्जिद पार्किंग से निकलकर कार चलाई और लाल मंदिर के पास पहुंचने की कोशिश की। लेकिन वहां की परिस्थितियों को देखते हुए उसने यू-टर्न लिया और लाल किले की ओर बढ़ गया। जांच एजेंसी के मुताबिक, इसके कुछ ही मिनट बाद करीब 6:50 बजे लाल किले के पास धमाका हुआ। इस घटना में 11 लोगों की मौत हुई थी और कई अन्य घायल हुए थे। हालांकि, लाल मंदिर को शुरुआती निशाना बनाए जाने का दावा फिलहाल NIA की जांच और चार्जशीट में सामने आए साक्ष्यों पर आधारित है। जांच एजेंसी ने इसे लेकर गवाहों के बयान, फोरेंसिक साक्ष्य और आरोपी की गतिविधियों से जुड़े रिकॉर्ड जुटाए हैं। नूंह में करीब 11 दिन रुका था आरोपी NIA के मुताबिक, धमाके से एक दिन पहले तक उमर उन नबी हरियाणा के नूंह में किराए के कमरे में करीब 11 दिनों तक रहा था। जांच एजेंसी का दावा है कि इसी दौरान उसने कथित तौर पर विस्फोटक तैयार करने की योजना पर काम किया। चार्जशीट में आरोपी के मोबाइल फोन, आवाजाही, संपर्कों और संदिग्ध गतिविधियों से जुड़े कई साक्ष्यों का भी उल्लेख किया गया है। जांच के दौरान मिले कुछ डिजिटल दस्तावेजों में विस्फोटक तैयार करने से संबंधित सामग्री का जिक्र होने का दावा किया गया है। NIA ने चार्जशीट में यह भी कहा है कि आरोपी के पास मौजूद डिजिटल सामग्री में विस्फोटक बनाने से जुड़े दस्तावेज मिले थे। एजेंसी ने इस संबंध में कई गवाहों के बयान और फोरेंसिक साक्ष्यों को जांच का हिस्सा बनाया है। कपड़ों की खरीद भी जांच में अहम कड़ी जांच एजेंसी के मुताबिक, नूंह में रहने के दौरान उमर उन नबी एक परिचित के रिश्तेदार के साथ कपड़े खरीदने भी गया था। उसने कथित तौर पर टी-शर्ट, सफेद शर्ट और कार्गो पैंट खरीदी थी और भुगतान नकद किया गया था। NIA ने इन खरीदारी से जुड़े विवरणों को भी जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्य के तौर पर शामिल किया है। लाल किले की पहले भी कई बार रेकी का दावा NIA के मुताबिक, उमर उन नबी ने 2023 से 2025 के बीच लाल किले का 12 बार दौरा किया था। एजेंसी को संदेह है कि इन यात्राओं का मकसद सिर्फ घूमना नहीं, बल्कि कथित तौर पर इलाके की रेकी करना और संभावित हमले की योजना तैयार करना हो सकता है। चार्जशीट के अनुसार, आरोपी और उसके सहयोगियों द्वारा ऐसी यात्राओं के दौरान मोबाइल फोन बंद रखने की बात भी सामने आई है। NIA को आशंका है कि ऐसा डिजिटल लोकेशन और गतिविधियों का रिकॉर्ड छिपाने के उद्देश्य से किया गया हो सकता है। अब जांच एजेंसी कथित साजिश में शामिल अन्य लोगों, आरोपियों के बीच संपर्क और धमाके की पूरी योजना की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है। चार्जशीट में लगाए गए आरोपों पर अंतिम फैसला अदालत की न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगा।