मीरा रोड में चाकूबाजी से मचा हड़कंप, आरोपी के ISIS से जुड़ने के इरादे का खुलासा, ATS जांच में जुटी मुंबई: मुंबई के पास मीरा रोड इलाके में सोमवार तड़के हुई एक चाकूबाजी की घटना ने पूरे सुरक्षा तंत्र को अलर्ट पर ला दिया है। शुरुआत में यह मामला साधारण हमले का लगा, लेकिन आरोपी के घर से मिले दस्तावेजों ने इसे संभावित आतंकी एंगल से जोड़ दिया है। सुरक्षा गार्ड्स पर हमला, एक गंभीर रूप से घायल पुलिस के अनुसार, Naya Nagar क्षेत्र में सुबह करीब 4 बजे एक 31 वर्षीय युवक, जिसकी पहचान ज़ैब ज़ुबैर अंसारी के रूप में हुई है, ने ड्यूटी पर तैनात दो सुरक्षा गार्ड्स पर चाकू से हमला कर दिया। इस हमले में राजकुमार मिश्रा गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि सुब्रतो सेन को मामूली चोटें आईं। दोनों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। हमले से पहले पूछे धार्मिक सवाल प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आरोपी ने पहले गार्ड्स से पास की मस्जिद का पता पूछा और फिर उनकी धार्मिक पहचान जानने की कोशिश की। इसके बाद उसने एक गार्ड से “कलमा” पढ़ने को कहा और असफल होने पर अचानक हमला कर दिया। 90 मिनट में गिरफ्तारी, जांच में बड़ा खुलासा घटना के बाद पुलिस ने तेजी से कार्रवाई करते हुए सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी को महज 90 मिनट के भीतर गिरफ्तार कर लिया। लेकिन मामला उस वक्त गंभीर हो गया जब आरोपी के घर की तलाशी में कुछ हाथ से लिखे नोट्स बरामद हुए, जिनमें उसने कथित तौर पर ISIS में शामिल होने की इच्छा जताई थी। जांच में यह भी सामने आया कि उसने इस हमले को “पहला कदम” बताया था। डिजिटल डिवाइस खंगाल रही एजेंसियां पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां आरोपी के मोबाइल फोन, लैपटॉप और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की जांच कर रही हैं, ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसने अकेले यह हमला किया या किसी नेटवर्क से जुड़ा हुआ था। इस मामले को “लोन वुल्फ” हमले की आशंका के तहत भी जांचा जा रहा है। अमेरिका में रहा, अकेलेपन में बढ़ी कट्टरता की आशंका पुलिस के मुताबिक, आरोपी एक साइंस ग्रेजुएट है और कई साल तक अमेरिका में रहा। 2019 में भारत लौटने के बाद वह Kurla और Vashi में रहा, और पिछले कुछ वर्षों से मीरा रोड में अकेले रह रहा था। बताया जा रहा है कि वह ऑनलाइन केमिस्ट्री की कोचिंग भी देता था। अधिकारियों का मानना है कि लंबे समय तक अकेले रहने के कारण उसके ऑनलाइन कट्टरपंथी विचारों से प्रभावित होने की संभावना है। ATS ने संभाली जांच, लोगों से शांति बनाए रखने की अपील मामले की गंभीरता को देखते हुए Maharashtra ATS को जांच सौंप दी गई है। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि वे शांति बनाए रखें और किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें, जबकि जांच जारी है। निष्कर्ष मीरा रोड की यह घटना केवल एक आपराधिक मामला नहीं, बल्कि सुरक्षा के लिहाज से एक गंभीर चेतावनी के रूप में सामने आई है। एजेंसियां हर पहलू से जांच कर रही हैं ताकि किसी बड़े खतरे को समय रहते रोका जा सके।